रागी एक ग्लूटेन-फ्री (gluten-free) अनाज है जो पोषण से भरपूर होता है. इसमें कैल्शियम, आयरन, प्रोटीन, फाइबर और कई तरह के अमीनो एसिड्स ज़्यादा मात्रा में पाए जाते हैं. इसकी पौष्टिकता इसे अन्य अनाजों जैसे चावल और गेहूं से कहीं ज़्यादा बेहतर बनाती है.
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लाइफस्टाइल21 Jul, 202511:42 AMरागी: क्यों है यह Superfood? जानें दिल, पेट और शुगर के लिए इसके कमाल के फायदे
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यूटीलिटी20 Jul, 202507:15 PMमिडिल बर्थ पर सोने का सही समय क्या है? सफर करने से पहले जान लें नियम वरना हो सकती है दिक्कत
भारतीय रेलवे के नियमों के अनुसार, मिडिल बर्थ (Middle Berth) वाला यात्री रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक ही सो सकता है. सुबह 6 बजे के बाद मिडिल बर्थ वाले यात्री को अपनी बर्थ को ऊपर करके या फोल्ड करके रखना होगा, ताकि नीचे की बर्थ वाला यात्री आराम से बैठ सके. इस नियम का मुख्य उद्देश्य सभी यात्रियों को उचित आराम प्रदान करना और बर्थ के उपयोग को लेकर होने वाले विवादों को सुलझाना है.
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बिज़नेस20 Jul, 202504:23 PMभारत बनेगा सेमीकंडक्टर हब-अश्विनी वैष्णव का दावा, जल्द होगा टॉप 5 देशों में शामिल
इनोवेशन को और बढ़ावा देने के लिए, सरकार ने एआईकोष नामक एक ओपन-सोर्स एआई प्लेटफॉर्म भी लॉन्च किया है, जो अब 880 डेटासेट और 200 से अधिक एआई मॉडल होस्ट करता है. ये संसाधन देश भर के छात्रों, शोधकर्ताओं और स्टार्टअप्स के लिए निःशुल्क उपलब्ध हैं.
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टेक्नोलॉजी20 Jul, 202503:13 PMवैज्ञानिकों का बड़ा खुलासा, भूकंप आने से पहले आपका Android फोन करेगा अलर्ट...बच सकती हैं जानें!
दुनिया भर में करोड़ों Android स्मार्टफोन्स मौजूद हैं. ये फोन एक विशाल नेटवर्क के रूप में काम करते हैं. जब भूकंप आता है, तो 'पी-वेव्स' (P-waves) नामक प्राथमिक तरंगें 'एस-वेव्स' (S-waves) नामक द्वितीयक और अधिक विनाशकारी तरंगों से पहले पहुंचती हैं. पी-वेव्स आमतौर पर इतनी तेज़ नहीं होतीं कि नुकसान पहुंचाएं, लेकिन स्मार्टफोन में लगे एक्सीलेरोमीटर इन्हें डिटेक्ट कर सकते हैं. जब एक साथ कई फोन से पी-वेव्स की गतिविधि डिटेक्ट होती है, तो सिस्टम Google के भूकंप डिटेक्शन सर्वर को डेटा भेजता है. सर्वर तेज़ी से विश्लेषण करता है कि क्या यह वास्तव में भूकंप है और उसके केंद्र का पता लगाता है. पुष्टि होने पर भूकंप के केंद्र के पास वाले लोगों को तुरंत अलर्ट भेजा जाता है कि 'एस-वेव्स' आने वाली हैं, जिससे उन्हें कुछ सेकंड से लेकर एक मिनट तक का कीमती समय मिल जाता है.
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लाइफस्टाइल20 Jul, 202512:02 PMमॉनसून में बीमारियों से बचना है तो नीम को बनाएं साथी! जानें इसके चमत्कारी फायदे
नीम में एंटी-फंगल, एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण मौजूद हैं, जो बरसात में होने वाले संक्रमणों से रक्षा करते हैं. नीम के पत्तों से स्नान करने से त्वचा पर संक्रमण नहीं फैलता. नीम का अर्क डेंगू और मलेरिया जैसी बीमारियों में प्लेटलेट्स बढ़ाने में सहायक है. नियमित सेवन से खून साफ होता है, त्वचा पर निखार आता है और मुंहासे, दाग-धब्बों से छुटकारा मिलता है. नीम की पत्तियां और फूल पेट के कीड़े खत्म करने, पाचन तंत्र को स्वस्थ रखने और कब्ज, अपच जैसी समस्याओं में भी फायदेमंद हैं.
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बिज़नेस20 Jul, 202511:39 AMPM Modi ने सराहे TVS चेयरमैन श्रीनिवासन के प्रयास: कच्छ की खूबसूरती को बढ़ावा देने पर फोकस
प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर तस्वीर री-पोस्ट करते हुए लिखा, "मुझे वेणु श्रीनिवासन और सुदर्शन वेणु से मिलकर बहुत खुशी हुई. मैं कच्छ की खूबसूरती को दर्शाने और मोटरसाइकिल सवारों को वहां जाने के लिए प्रोत्साहित करने के उनके प्रयास की सराहना करता हूं."
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लाइफस्टाइल18 Jul, 202504:14 PMभृंगराज है बालों के लिए वरदान! जानें कैसे घर पर बनाएं इसका तेल और पाएं मजबूत, काले-घने बाल
भृंगराज का वैज्ञानिक नाम 'एक्लिप्टा अल्बा' है. यह एस्टेरेसी परिवार से संबंधित है और इसे अंग्रेजी में फाल्स डेजी और आम बोलचाल की भाषा में घमरा और भांगड़ा जैसे नामों से जाना जाता है. यह भारत, चीन, थाईलैंड और ब्राजील जैसे देशों में आमतौर पर दलदली स्थानों में पाया जाता है. यह घरों के आस-पास के मैदान में आसानी से उग जाता है.
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लाइफस्टाइल18 Jul, 202512:40 PMनाभि में तेल की दो बूंदें, बदल सकती हैं आपकी सेहत! इन समस्याओं से पाएंगे छुटकारा
नाभि में तेल लगाना एक सरल, प्राकृतिक और सदियों पुरानी प्रथा है जिसके अनेक संभावित स्वास्थ्य लाभ हैं. 21 दिनों का यह छोटा सा प्रयोग आपकी सेहत में काफी सुधार ला सकता है, खासकर त्वचा, पाचन और मानसिक शांति के लिए. हालांकि, किसी भी पुरानी स्वास्थ्य समस्या के लिए यह डॉक्टर की सलाह का विकल्प नहीं है.
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लाइफस्टाइल16 Jul, 202504:43 PMपहचान लीजिए इस चमत्कारी घास को...'बड़ी दूधी' है आयुर्वेद का अनमोल खजाना, कई रोगों से दिलाए छुटकारा
बड़ी दूधी घास, अपने अनगिनत औषधीय गुणों के साथ, प्रकृति का एक छिपा हुआ खजाना है. खांसी और अस्थमा से लेकर पाचन और त्वचा संबंधी समस्याओं तक, यह अनेक बीमारियों में प्रभावी हो सकती है. आयुर्वेद में इसे एक महत्वपूर्ण औषधि के रूप में देखा जाता है. हालांकि, इसके सुरक्षित और प्रभावी उपयोग के लिए हमेशा विशेषज्ञ मार्गदर्शन ज़रूरी है, ताकि हम प्रकृति के इस उपहार का सही लाभ उठा सकें.
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लाइफस्टाइल16 Jul, 202501:16 PMकैंसर रिलैप्स: शरीर में दिखें ये लक्षण तो हो जाएं अलर्ट! वक्त रहते पहचान कर बचा सकते हैं जान
कैंसर रिलैप्स के लक्षणों को जल्दी पहचानना इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि जितनी जल्दी रिलैप्स का पता चलता है, उतनी ही जल्दी इलाज शुरू किया जा सकता है. इससे उपचार के सफल होने की संभावना काफी बढ़ जाती है. कैंसर से उबर चुके मरीज़ों को अपनी सेहत पर लगातार नज़र रखनी चाहिए और किसी भी असामान्य लक्षण को नज़रअंदाज़ नहीं करना चाहिए. नियमित फॉलो-अप अपॉइंटमेंट्स और डॉक्टर के साथ खुला संवाद बनाए रखना बेहद ज़रूरी है.
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लाइफस्टाइल15 Jul, 202502:21 PMहर घर में होना चाहिए नीलगिरी का तेल! जानें खांसी, सूजन और दर्द में इसके चमत्कारी फायदे
नीलगिरी का तेल, खासकर घर में होने वाली आम समस्याओं के लिए, एक चमत्कारी औषधि के रूप में जाना जाता है. इसका तेल सर्दी, खांसी और बंद नाक जैसे श्वसन संबंधी रोगों में भी फायदेमंद है. जब आप इसकी कुछ बूंदों को पानी में डालकर भाप लेते हैं, तो यह श्वसन तंत्र को साफ करता है और बंद नाक खोलने में मदद करता है. इसमें मौजूद सिनिओल नामक तत्व बलगम को ढीला करके बाहर निकालने में सहायक होता है. इसके अलावा, यह तेल मांसपेशियों के दर्द और सूजन को भी कम करता है, इसलिए जोड़ों के दर्द, साइटिका या गठिया जैसी समस्याओं में यह बहुत उपयोगी है.
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Being Ghumakkad14 Jul, 202508:49 PMलेपाक्षी मंदिर का रहस्य: सदियों से हवा में झूलता यह स्तंभ क्यों है वैज्ञानिकों के लिए पहेली?
इस मंदिर की सबसे आश्चर्यजनक विशेषता है इसका एक स्तंभ, जो मुख्य मंडप में स्थित है. यह स्तंभ नीचे फर्श को बिल्कुल भी नहीं छूता, बल्कि हवा में लटका हुआ प्रतीत होता है. श्रद्धालु इस स्तंभ के नीचे से कपड़ा निकालकर देखते हैं, जिससे यह साबित होता है कि स्तंभ और ज़मीन के बीच में कोई संपर्क नहीं है.
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लाइफस्टाइल14 Jul, 202506:19 PMरोज़ 2 मिनट चेहरे पर करें Ice Massage...पहले ही दिन से दिखेंगे कमाल के फायदे, चमकने लगेगी त्वचा
आइस मसाज चेहरे पर सीधे बर्फ लगाने की प्रक्रिया है. जब आप अपनी त्वचा पर बर्फ लगाते हैं, तो आपका ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है. इससे त्वचा में ऑक्सीजन और पोषक तत्वों का संचार बेहतर होता है, जिससे त्वचा स्वस्थ और चमकदार दिखती है.
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लाइफस्टाइल14 Jul, 202501:15 PMआपकी सेहत का दुश्मन न बन जाए नमक! जानें कितना खाना चाहिए और किन चीज़ों से रहें सावधान
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार एक स्वस्थ वयस्क को एक दिन में 5 ग्राम (लगभग एक चम्मच) से ज़्यादा नमक का सेवन नहीं करना चाहिए. यह मात्रा प्रोसेस्ड फ़ूड, पैकेज्ड स्नैक्स, और बाहर के खाने में मौजूद नमक को मिलाकर है. बच्चों के लिए यह मात्रा और भी कम होती है.
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लाइफस्टाइल14 Jul, 202512:15 PMगर्भवती महिलाएं न करें ये गलती! इन ड्रिंक्स का सेवन पहुंचा सकता है बच्चे को नुकसान
गर्भावस्था एक असाधारण यात्रा है, और इसमें हर कदम पर सावधानी बरतनी चाहिए. कुछ खास ड्रिंक्स से परहेज़ करके आप अपने गर्भ में पल रहे शिशु को एक स्वस्थ शुरुआत दे सकती हैं. कोई भी संदेह होने पर, हमेशा अपने डॉक्टर से सलाह लें.